महासू देवता मंदिर और जागेश्वर मंदिर का मास्टर प्लान बनाने से क्षेत्र का होगा विकास – महाराज

देहरादून। सरकार द्वारा बद्री-केदार की तर्ज पर जौनसार-बावर के हनोल स्थित श्री महासू देवता मंदिर और अल्मोडा के जागेश्वर मंदिर का मास्टर प्लान बनाने के कैबिनेट के निर्णय का प्रदेश के पर्यटन, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने स्वागत किया है।

प्रदेश के पर्यटन, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि कैबिनेट के इस निर्णय से जहां एक ओर लाखों श्रद्धालु में खुशी की लहर है। वहीं इस निर्णय से प्रदेश में पर्यटन को बढावा मिलने के साथ साथ महासू देवता एवं जागेश्वर मंदिर के निकटवर्ती क्षेत्रों का विकास होगा और स्थानीय लोगों को रोजगार भी उपलब्ध हो सकेगा।

ज्ञात हो कि जौनसार-बावर के हनोल स्थित श्री महासू देवता मंदिर में 30-31अगस्त, 2022 को सम्पन्न हुए दो दिवसीय परंपरागत “जागड़ा” महोत्सव के मौके पर हजारों श्रद्धालु की मौजूदगी में पर्यटन, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने जागड़ा को राजकीय मेले का दर्जा देने के साथ-साथ मंदिर को बद्री-केदार की तर्ज पर विकसित करने के लिए मास्टर प्लान तैयार करने की बात कही थी। मंत्री सतपाल महाराज ने हनोल स्थित महासू मंदिर में एक ओर जहां भंडारे की शुरुआत करवाई वहीं अन्य व्यवस्थाओं को भी चाक चौबंध करवाया। पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज की मौजूदगी में हुए इस बार के “जागड़ा” महोत्सव के आयोजन को 28 लाख लोगों द्वारा गूगल पर सर्च किया गया जबकि 128 देशों के लगभग 7 करोड लोगों द्वारा इसका लाइव प्रसारण देखा गया।

श्री महाराज ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा मन की बात में सिद्ध पीठ महासू देवता के महत्व के विषय में देशवासियों को बताया था। जिसके परिणाम स्वरुप महासू देवता और जागेश्वर मंदिर के प्रति लाखों श्रद्धालुओं की अपार आस्था और श्रद्धा को देखते हुए सरकार ने बद्री-केदार की तर्ज पर इसका मास्टर प्लान तैयार कर विकसित करने का एक ऐतिहासिक निर्णय लिया है।

उन्होंने सरकार के इस निर्णय का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, अपने मंत्रिमंडलीय सहयोगियों, मंदिर समिति के सदस्यों के साथ-साथ सभी श्रद्धालुओं का भी इसके लिए आभार व्यक्त किया है।

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