दरबार साहिब की भूमि पर अवैध कब्जा शिकायत के बाद भी एमडीडीए नहीं कर रहा है कार्यवाही

देहरादून। मसूरी देहरा विकास प्राधिकरण और ज़िला प्रशासन की निष्क्रियता पर गंभीर प्रश्न उठाते हुए श्री गुरु राम राय दरबार साहिब प्रबंधन ने ग्राम देहराखास स्थित अपनी 600 वर्गफीट भूमि पर हुए अवैध निर्माण को तत्काल हटाने की मांग की है। प्रबंधन का आरोप है कि अवैध कब्जा हटाने के लिए मसूरी देहरा विकास प्राधिकरण को पत्र दिए जाने और आवश्यक प्रलेख उपलब्ध कराए जाने के बावजूद कोई कार्यवाही नहीं हो रही है। कमलजीत कौर पत्नी श्री राजवीर सिंह ने ग्राम देहराखास (खाता संख्या 00637), खसरा संख्या 294 क मि पर लगभग 600 वर्गफीट (15 गुणा 40) क्षेत्र पर अवैध निर्माण किया हुआ है। यह भूमि दरबार श्री गुरु राम राय झंडा साहिब देहरादून की है। भूमि अभिलेख (भूलेख/खतौनी) में भी दरबार साहिब का उल्लेख है। श्री गुरु राम राय दरबार साहिब के व्यवस्थापक ने मसूरी देहरा विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष/सचिव को पांच जुलाई को एक पत्र लिखकर इस अवैध निर्माण को हटाने का निवेदन किया था कि ग्राम देहराखास के खसरा संख्या 294 क मि क्षेत्रफल 600 वर्गफीट भूमि से अवैध निर्माण को हटाने के संबंध में। इससे पूर्व भी 16 अप्रैल 2024 को शिकायत दर्ज कराई गई थी। स्थानीय निवासियों द्वारा शिकायत करने पर मसूरी देहरा विकास प्राधिकरण ने 11 जून 2024 को अवैध कब्जाधारक का चालान भी किया था। इसके बावजूद, अब तक मौके पर कोई ध्वस्तीकरण कार्यवाही नहीं की गई है। स्थानीय शिकायतकर्ताओं (राजकुमार छाबड़ा, मीनाक्षी कश्यप, अमरजीत कोहली) का कहना है कि मसूरी देहरा विकास प्राधिकरण के अधिकारियों, विशेष रूप से कनिष्ठ अभियंता ने खसरा संख्या मांगे जाने के बावजूद कार्यवाही नहीं की, जिससे न केवल अवैध कब्जा बरकरार है, बल्कि कब्जाधारियों ने अब तिरपाल लगाकर आगे की भूमि पर भी अतिक्रमण का विस्तार कर रही है। यह प्रकरण धार्मिक संस्था की भूमि पर अवैध कब्जा और नियामक संस्था की लचर कार्यप्रणाली का एक ज्वलंत उदाहरण बन गया है।

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