यूनिफॉर्म सिविल कोड की CM धामी ने गिनाई खासियत, बताया- 20 फीसदी तक कम हो जाएंगे मुकदमे

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार राज्य में यूनिफॉर्म सिविल कोड (सामान नागरिकता कानून) लागू करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। इसके लिए कमेटी गठित कर दी गई है जो जल्द ड्राफ्ट तैयार करेगी। उन्होंने कहा कि यूसीसी लागू होने के बाद न्यायालयों में 20 फीसदी तक वाद कम हो जाएंगे।

विधानसभा में सोमवार को शपथ ग्रहण समारोह के बाद जनता को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उनकी सरकार भाजपा के संकल्प पत्र में जनता से किए गए वायदों को गंभीरता के साथ पूरा कर रही है। उन्होंने कहा कि नई सरकार के गठन के बाद पहली कैबिनेट में ही हम राज्य में यूनिफार्म सिविल कोड लागू करने की दिशा में आगे बढ़े।

इसके लिए समिति का गठन किया जा चुका है। यह समिति जल्द ड्राफ्ट तैयार करेगी और उसके बाद इस यूनिफार्म सिविल कोड को लागू कर दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि मैने किसी रिपोर्ट में पढ़ा है कि यूनिफार्म सिविल कोड लागू होने के बाद न्यायालयों में चल रहे मुकदमे 20 फीसदी तक कम हो जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने इस दौरान देश के अन्य राज्यों से भी इसे लागू करने की अपील की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखण्ड आध्यात्म एवं संस्कृति का केन्द्र तो है ही साथ ही वीरों की भूमि भी है। कहा कि प्रदेश के विकास के लिए ठोस रणनीति बनाकर कार्य किया जा रहा है।

2025 तक उत्तराखंड अग्रणी राज्य होगा
मुख्यमंत्री धामी ने इस दौरान कहा कि 2025 तक उत्तराखंड को देश का अग्रणी राज्य बनाने का लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में इसके लिए प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। 2025 में जब राज्य अपनी स्थापना का रजत जंयती वर्ष मना रहा होगा उस समय हम हर क्षेत्र में अग्रणी राज्यों की श्रेणी में होंगे।मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता ने उन पर जो भरोसा जताया है उसके अनुरूप वह राज्य के विकास के लिए पूरी ऊर्जा और क्षमता के साथ काम करेंगे। उन्होंने कहा किसरकार सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के तहत आगे बढ़ रही है।

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