प्रत्याशी के टिकट से कांग्रेस मे घमासान, हताश कार्यकर्ता प्रचार से हुए दूर: भट्ट

रुद्रप्रयाग। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने उप चुनाव मे भाजपा की जीत को एकतरफा बताते हुए कहा कि विपक्षी कांग्रेस की स्थिति यह है कि टिकट वितरण के बाद नाराज कार्यकर्ताओं ने चुनाव प्रचार से दूरी बना ली है और खुद कांग्रेस हाईकमान को ही सबक सिखाने की ठान चुके हैं।

पत्रकारों से अनौपचारिक वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि कांग्रेस मे दो धड़े नही, बल्कि आधा दर्जन धड़े बन गए हैं। जो टिकट के दावेदार थे वह टिकट वितरण की अप्रत्याशित नयी प्रक्रिया से नाराज हैं और कांग्रेस के कार्यक्रमों से दूर हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस मे यह पहली बार हुआ जब पार्टी अध्यक्ष को बायपास कर स्थानीय गुटों ने सर्वे कराया और टिकट चहेते को दे दिया। प्रदेश संगठन से बिना राय मशविरे के
टिकट देने से संगठन की स्थिति हास्यास्पद हो गयी है। प्रदेश अध्यक्ष और कुछ दावेदार स्टार प्रचारक बनाये गए हैं, लेकिन वह भाषण और फोटो सूट के निकल रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्याशी के अलावा कांग्रेस मे इक्के दुक्के नेता ही ऐसे हैं जो उनके प्रचार मे लगे हैं। गाँव मे बूथ पर खड़े होने के लिए कार्यकर्ताओं का टोटा है और महिलाओं मे हताशा है।
भट्ट ने कहा कि भाजपा प्रत्याशी आशा नौटियाल को लेकर भाजपा ही नही क्षेत्र की आम महिलाओं, युवाओं मे उत्साह है। युवा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को लेकर युवा वर्ग बेहतर कल की सोच रहा है। उन्होंने कहा कि केदारघाटी के विकास के लिए भाजपा ने जो खाका तैयार किया है वह डबल इंजन की सरकार मे ही संभव हो सकता है। केदारघाटी मे रोजगार, लंबित मुद्दों के समाधान और शिक्षा तथा चिकित्सा के क्षेत्र मे कार्यों को लेकर सीएम ने जनता से वायदा किया है। स्वर्गीय शैला रानी के सपनों को पूरा करने के लिए भाजपा आशा नौटियाल के पीछे खड़ी रहेगी। जनता कांग्रेस के दुष्प्रचार को समझ चुकी है और अब उसे सबक सिखाने को आतुर है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Nikhil Chetna एक ऐसी साइट लगती है जहाँ रोज़मर्रा के फैसलों को ज़्यादा जागरूक, शांत और सोच-समझकर लेने की बात सामने आती है। यहाँ ध्यान इस बात पर है कि किसी भी चमकदार वादे या जल्दी मिलने वाले फायदे के पीछे भागने से पहले स्थिति को ठीक से समझा जाए। यही तरीका सिर्फ आत्मविकास या निजी चुनावों में नहीं, बल्कि ऑनलाइन सेवाओं, डिजिटल मनोरंजन और पैसे से जुड़े फैसलों में भी काम आता है। स्विट्ज़रलैंड में ऑनलाइन कैसीनो की बात आए, तो सावधानी और भी ज़रूरी हो जाती है। सुंदर वेबसाइट, बड़ा बोनस या आसान रजिस्ट्रेशन अपने आप में भरोसे की गारंटी नहीं होते। पहले यह समझना बेहतर है कि ऑपरेटर के पास वैध लाइसेंस है या नहीं, ESBK की भूमिका क्या है, भुगतान, सीमाओं और खिलाड़ी सुरक्षा से जुड़े नियम कैसे काम करते हैं। ऐसे कानूनी ढांचे, लाइसेंस, ESBK की निगरानी और आम गलतियों को समझने के लिए उपयोगी जानकारी यहाँ मिल सकती है: l legale Online-Casinos in der Schweiz findenइसके बाद कानूनी प्लेटफॉर्म और जोखिम भरे ऑफशोर विकल्पों में फर्क करना काफी आसान हो जाता है। आखिर में, Nikhil Chetna जैसी सोच डिजिटल मनोरंजन में भी संतुलित निर्णय लेने में मदद करती है। नियम, लाइसेंस और संभावित जोखिम जितने साफ होंगे, उतनी ही कम गलतफहमियाँ और गलत चुनाव होंगे।