उत्तराखंड : देहरादून -: उन्होंने कहा कि यह घटना स्वीकार्य नहीं है और पुलिस कर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। प्रीतम सिंह ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि सेना के जवान देश की सीमाओं की रक्षा के लिए काम करते हैं और उनके साथ इस तरह की मारपीट अलोकतांत्रिक है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर पुलिस कर्मियों पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो 18 जून को जनता सड़कों पर उतरेगी।लिए

*घटना की जानकारी*
– घटना 12 जून की मध्यरात्रि की है जब त्यूनी पुलिस ने दीपक थापा को झूठे आरोप में उठाया और उनके साथ मारपीट की।
– दीपक थापा भारतीय सेना में कार्यरत हैं और वर्तमान में अवकाश पर घर आए हुए थे।
– प्रीतम सिंह ने कहा कि पुलिस कर्मियों की इस तरह की कार्रवाई न्यायोचित नहीं है और इसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।